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मिस्र में खुदाई में निकला 1800 साल पुराना शहर..! लोगों ने कबूतरों के लिए भी बनाए थे ऊंचे घर

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मिस्र में खुदाई में निकला 1800 साल पुराना शहर..! लोगों ने कबूतरों के लिए भी बनाए थे ऊंचे घर

अजब-गजब//Delhi/New Delhi :

मिस्र में पुराविदों ने दूसरी-तीसरी शताब्दी का एक शहर खोज निकाला है। शहर में कबूतरों के रहने के लिए भी घर बनाए गए थे। खोज में बर्तन, औजार और कांसे के रोमन सिक्के भी मिले हैं। पुरातत्वविदों ने इस खोज को दुर्लभ बताया है। 

मिस्र में पुरातत्वविदों ने 1,800 साल पुराने रोमन साम्राज्य के एक आवासीय शहर को खोज निकाला है। यह बड़ी खोज मिस्र के शहर लक्सर में हुई है। बताया जा रहा है कि यह शहर दूसरी और तीसरी शताब्दी का है। मिस्र के पुरातत्व परिषद के प्रमुख मुस्तफा वजिरी ने जानकारी दी कि यहां दूसरी और तीसरी शताब्दी में लोग रहा करते थे। शहर में कई आवासीय भवन सुरक्षित अवस्था में मिले हैं। लोगों ने कबूतरों के लिए भी ऊंचे घर बनाए थे। वजिरी ने इसे ‘लक्सर के पूर्वी तट पर पाया जाने वाला सबसे पुराना और सबसे महत्वपूर्ण शहर’ बताया है। 
शोधकर्ताओं ने शहर में कई ऐसे स्थान भी खोज निकाले हैं जहां से बर्तन, औजार और कांसे के रोमन सिक्के मिले हैं.उन्होंने इस खोज को एक दुर्लभ खोज बताया है। शोधकर्ताओं ने लक्सर के नील नदी के पश्चिमी तट पर खुदाई की शुरुआत की थी जिसके बाद उन्हें यह शहर मिला है। नील नदी का यह क्षेत्र प्राचीन मंदिरों और मकबरों, रानियों की घाटी, राजाओं की घाटी आदि पर्यटक स्थलों के लिए प्रसिद्ध है। मिस्र के पुरातत्वविदों ने हाल के वर्षों में कई बड़ी खोजें की हैं। अप्रेल, 2021 में उन्होंने लक्सर के पश्चिमी तट पर एक 3,000 साल पुराने खोए हुए सुनहरे शहर की खोज की थी। इस शहर को मिस्र में अब तक खोजा गया सबसे बड़ा प्राचीन शहर माना जाता है। 
पुरातत्व खोजों पर जोर दे रही मिस्र की सरकार 
कोरोना महामारी, रूस-यूक्रेन युद्ध ने मिस्र के पर्यटन को गंभीर रूप से नुकसान पहुंचाया है। मिस्र का पर्यटन सकल घरेलू उत्पाद का लगभग 10 प्रतिशत है और यह 20 लाख लोगों को प्रत्यक्ष रूप से नौकरी देता है लेकिन कोरोना महामारी के कारण मिस्र में पर्यटक आने बंद हो गए महामारी का प्रकोप जब खत्म होना शुरू हुआ तो रूस-यूक्रेन के बीच युद्ध छिड़ गया। इससे मिस्र के पर्यटन उद्योग को भारी नुकसान हुआ है क्योंकि मिस्र में सबसे अधिक पर्यटक यूक्रेन और रूस से आते हैं। मिस्र की सरकार पुरातत्विक खोजों के जरिए पर्यटन उद्योग को पुनर्जीवित करने की कोशिश कर रही है। मिस्र की सरकार इन खोजों के जरिए अपनी वैश्विक छवि भी सुधार रही है। मिस्र में साल 2014 से पहले सालों तक राजनीतिक अशांति का दौर रहा, जिससे पर्यटन घाटे में आ गया था। लेकिन अब मिस्र की अब्देल फतेह अल सीसी की सरकार आर्थिक स्थिति को सुधारने और छवि बदलने के मकसद से पर्यटन पर खास ध्यान दे रही है। सरकार पुरातत्विक खोजों को भी बढ़ावा दे रही है। जनवरी की शुरुआत में, मिस्र में पुरातत्वविदों ने थेबन नेक्रोपोलिस में दो प्राचीन मकबरों में हजारों वर्षों से छिपे नौ मगरमच्छ की खोपड़ी का पता लगाया था।

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Jyoti Bala

By News Thikhana

Senior Sub Editor

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