आज है विक्रम संवत् 2081 के वैशाख माह के शुक्लपक्ष की चतुर्दशी तिथि सायं 06:47 बजे तक बुधवार 21 मई 2024
बाबा बागेश्वर ने बढ़ाया बिहार का सियासी पारा..जानें क्यों रास नहीं आ रहा नितीश सरकार को बिहार की तारीफ करना ? 

बाबा बागेश्वर ने बढ़ाया बिहार का सियासी पारा

राजनीति

बाबा बागेश्वर ने बढ़ाया बिहार का सियासी पारा..जानें क्यों रास नहीं आ रहा नितीश सरकार को बिहार की तारीफ करना ? 

राजनीति//Bihar/Patna :

बिहार में सियासी गर्मी कुछ ज्यादा ही बढ़ गयी है क्योकि एक तरफ है मौसम की मार और दूसरी तरफ वहां आये हुए हैं बागेश्वरवार धाम सरकार। क्योकि हिन्दू राष्ट्र वाले  बयान को लेकर एक बार फिर वह जब उनसे पुछा गया उनके हिन्दू राष्ट्र कहने के मायने क्या हैं ,कैसा हो हिन्दू राष्ट्र का मतलब क्या है ?कैसा होगा हिन्दू राष्ट्र , इस पर बाबा बागेश्वर का जवाब था कि जिस दिन दो तिहाई सनातनी हिन्दू जाग जायेंगे और अपने मत को और अपने  अधिकार को समझने लग जायेंगे उस दिन हिन्दू राष्ट्र हो जायेगा। न तो हम राजनेता हैं और न ही किसी का समर्थन करते हैं। हिन्दू राष्ट्र हम पेपर पर नहीं, हिन्दू राष्ट्र हम ह्रदय में चाहते हैं।ताकि हमारी संस्कृति सुरक्षित रह जाये।

बाबा के इस बयान से सियासत गरमा गयी। उन्होंने  बिहार के लोगो से कहा की अपना धरम छोड़कर अन्य धर्मों में न भटकें।  बिहार सरकार के मंत्रियों के एक सुर में बयान सामने आ रहे हैं। दरअसल रामचरित मानस को राष्ट्रीय ग्रन्थ घोषित करने की मांग बाबा ने की थी , बाबा ने भारत को हिन्दू राष्ट्र करने की भी मांग वे कर रहे हैं। वे अपने दरबार से लगातार इस तरह की मांगे उठा रहे हैं चाहे मध्य प्रदेश हो, चाहे महाराष्ट्र हो चाहे अब बिहार हो।  लेकिन आज बाबा के बिहार आने से बिहार की सियासी हवा कुछ बदली बदली सी नज़र आयी । 

बागेश्वर धाम से राजद नेता इतने परेशान क्यों हैं , उन्होंने बाबा बागेश्वर को  बीजेपी का एजेंट बता डाला ,क्या सनातन के प्रचार से राष्ट्रीय जनता दल को दिक्कत है ,और क्या नितीश सरकार द्वारा बाबा से बना रही दूरी से नितीश को नुक्सान होगा।  चंद ऐसे ही सवाल हैं जो आज बिहार की हवा में घूम रहे है। बाबा बागेश्वर धाम के दरबार में भीड़ का ये आलम है कि भीषण गर्मी के बावजूद लोगों के उत्साह में कोई कमी नहीं आ रही।  लेकिन  राजद नेताओं को बाबा का भाषण रास नहीं आया।बाबा ने बिहार में रामराज्य लाने की  बात क्या कि नेता जी भड़क गए। राजद के नेता शिवानंद तिवारी ने मीडिया से बातचीत में  कहा कि इन बाबा बागेश्वर कि हैसियत को ज्यादा कर के आँका जा रहा है। ये किस खेत कि मूली है, ये बाबा व्यक्ति कि धार्मिक प्रवृति को इस्तेमाल कर आरएसएस,भाजपा और विहिप के खास मकसद के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं। 

भाजपा नेताओं  ने दिया करारा जवाब 
इस तरह के बाबा पर की गयी तल्ख़ टिप्पणी पर बीजेपी ने  करारा जवाब देते हुए कहा कि राजद नेता बौखला गए हैं, और इस बौखलाहट में अगर वे इस तरह कि टिप्पणी करते भी हैं तो यह बीजेपी के लिए सम्मान कि बात है। वही गिरिराज सिंह ने बाबा से अपील की कि तुष्टिकरण वाली नितीश सरकार का  परचा निकलने की बात कही। 
  
इन सब सियासी गर्माहट के बीच बाबा बागेश्वरधाम ने अपना दिव्य दरबार लगाया और लोगो के कष्टों को दूर भी किया।  बिहार के लोगो में बाबा के प्रति एक ज़बरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा। 
 

You can share this post!

author

सौम्या बी श्रीवास्तव

By News Thikhana

Comments

Leave Comments